आदि निवासी भील | Aadi Niwasi Bheel

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
4 MB
कुल पष्ठ :
136
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)ग्रादिनिवासी माल
१.' प्रारम्भिक विवरण'भील शब्द---भील शब्द ट्राचिड़ भाषा के 'वील” शब्द से निकला है जिसका
'अर्थ कमान है। तीर कसान चलाने में निपुर्णता प्राप्त होने.से
सम्भवतः भीह का यह नाम रखा गया हो ।_इस शब्द का प्रयोग
सन् ६०० ईस्वी से चला है | इसके पहले भील जाति “पुलिन्द
जाति, 'घन-पुत्र', 'बसराज” के नाम से विख्यात थी । पाश्चात्य
चिद्दानों ने इन्हें “देसिया के सादे” (ए%८ ए४्टप्पांट४ 0
(८585 ) और 'पत्ते पष्टिनने वाली जाति” कह है । अनदिठावाड़ा
के इतिहास में मुसल्लमान लेखंकों ने इनका “शत्रु और मिश्र” की
भॉति वर्णन फिया है ।
उत्पत्ति...भीलों की उत्पत्ति के विपय सें महाभारत, पुराण और रामायश
आदि प्राचीन प्रन्थों में उल्लेख मिलता है । महाभारत में यह
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