त्रिलोक्य प्रक्षा | Trailokya Prakasha

55/10 Ratings. 1 Review(s) अपना Review जोड़ें |
Book Image : त्रिलोक्य प्रक्षा  - Trailokya Prakasha
[adinserter block="2"]

लेखक के बारे में अधिक जानकारी :

No Information available about राम सरूप शर्मा - Ram Sarup Sharma

Add Infomation AboutRam Sarup Sharma

पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

(Click to expand)
५६ ६० ६९ ६२ ६३ ६४ ६५2? ह 6 /#» #ए ०८ «७०७ 2)(২) त्रिशांशविचार মাহঅল্লা भावपर्याय केन्द्रादिसंञ्ञा राशियों का दिनरात्रिबल प्रदों का उच्चनीच राशि-अंशवर्णान भावराशिम्रहबलवियार इति लमज्ञानम्‌ चन्द्रनुधयोगविशेषपफःल घनी होने का योग सुख वथा धन योग पुत्रोत्पत्ति होने पर धन योग झत्ररोगभय स्त्रीप्रभुत्वयोग २२ बें वर्ष के तीसरे अंश में योग धनयोग राज्यप्राप्तियोग प्रश्न काल में शत्रु मित्र गृह में स्थितिफल् अधिकधनलाभयोग राजा से धनव्यययोग नवांश क श्रभिप्रायसे कथन धन नवांश मे चन्द्रफल चतुथे , , + छव +$ 9 ॐ रिपु চা ११ 9) भार्याश मे चन्द्र फन मृत्यु अंश में १.१ पुण्यस्थानांश में ,, 5? १ 9) 8१ भायंशि में ,, ,, ज्ञाभांश में ,, ,, ब्ययांश में ,, ,, अन्मङ्करडज्ी स्थित शुम पाप সহ स्थितिफल१२२ १२३१२४ १२५ १२६ १२७ ९२८




User Reviews

No Reviews | Add Yours...

Only Logged in Users Can Post Reviews, Login Now