राम वर्षा प्रथम भाग | Ram Varsh Bhaag 1

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
3 MB
कुल पष्ठ :
268
श्रेणी :
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(Click to expand)সম
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१ সমান भाग ) \
हः ৮০০৫2
गुरु-स्वति
{१1 -
सेणे मेरे स्थामी ! यह चॉकी अदा हे।
कहीं दास हे तू , फही सुद खुदा है ॥१॥
कहीं एृष्ण हे तू, फही राम है तू।
फटी सङ्गी हैव्, ष्टी त्. छदा दे ॥२॥
पिल्लाया है जब से मुझे जाम' तू ने ।
मेरी आँख में क्या नया सुलो खिला है ॥
तेरे इश्क फे यदहर' में मस्त हू में। ~
यथम रना दे, कना म॑ दकव रे)
१ यरे, मय २ प्रेस रस छा च्याना = शुष्य वेन् दष्ट धस
४, र्यो, स्तस्य ६ नस्तो. नाय
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