सम्पूर्ण गांधी वाड्मय भाग - 1 | Sampurn Gandhi Wadmay Bhag - 1

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Add Infomation AboutMohandas Karamchand Gandhi ( Mahatma Gandhi )
लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
30 MB
कुल पष्ठ :
440
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)सनहसामग्री एकत्र करनेके कामकी व्यवस्था करने भौर ग्रंथोंका सम्पादनकरनेका कार्य एक प्रधान सम्पादकको सौंपा गया है। श्री भारतन् कृमारप्पा | ३4५५५ त ॥
भवान सम्पादक नियुक्त किये गये थे। वादं वै परामशं-मण्डलके सदस्य अ दे 11भौ नियुक्त कर दिये गये थे । उन्होंने, जून १९५७ में अपने देहान्तके समय ं र ~ ९
तक, अनन्य निष्ठाके साय काम किया था। जव पटला खण्ड छपनेके लिए * के द 1.
जाने ही वाला था उस समय, उनके देहान्तके बाद, परामर्श-मण्डलने श्री † ~ न ४.जयरामदास दौलतरामकों प्रधान सम्पादक वननेके लिए आमन्त्रित किया,
और उन्हें परामर्थ-मण्डलका सदस्य भी नियुक्त किया गया।सम्पादकोंकी एक टोली प्रधान सम्पादकको सहायता प्रदान करती है।
उसके सदस्य ये हैं: श्री उल्लाल रत्नाकर राव, लेखोके किए; श्री रामचन्द्र
कृष्ण प्रभु, भापणोंके लिए; श्री पाण्डुरंग गणेश देशपाण्डे, पत्रोंके लिए;
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