साँप | SNAKES

SNAKES by पुस्तक समूह - Pustak Samuhसुकन्या दत्ता - SUKANYA DUTTA

लेखकों के बारे में अधिक जानकारी :

पुस्तक समूह - Pustak Samuh

No Information available about पुस्तक समूह - Pustak Samuh

Add Infomation AboutPustak Samuh

सुकन्या दत्ता - SUKANYA DUTTA

No Information available about सुकन्या दत्ता - SUKANYA DUTTA

Add Infomation AboutSUKANYA DUTTA

पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

(Click to expand)
6 [गाशेंटवाता जे 6 (2' लत इपबरक टन साँप गण या ऑर्डर कुल या फैमिली जाति या जीनस प्रजाति या स्पिसीज जीवों के नाम, नामकरण की द्विनामी पद्धति के अनुसार रखे जाते हैं जिसमें प्रत्येक जीव के नाम में दो भाग होते हैं। ये जाति का नाम और प्रजाति का नाम होते हैं। किसी जीव की सटीक पहचान के लिए दोनों नामों का प्रयोग एक साथ करना आवश्यक होता है। साँप और उनके स्श्तिदार साँप और उनके सम्बन्धी साँप कशेरुकी प्राणि होते हैं अर्थात उनमें आपस में जुड़ी हुई इकाईयों, जिन्हें कशेरुका कहा जाता है, से बनी रीढ़ की हड्डी पाई जाती है। इसलिए सॉँप संघ वर्टब्रिटा या कशेरुक के सदस्य होते हैं। जैसे कि रीढ़ की हड़डी वाले अन्य सभी प्राणि होते हैं वैज्ञानिकों ने कशेरुकियों को मत्स्य, उभयचर, सरीसृप, पक्षी और स्तनधारियों में उनके विशिष्ट लक्षणों के आधार पर वर्गीकृत किया है।




User Reviews

No Reviews | Add Yours...

Only Logged in Users Can Post Reviews, Login Now