आखिरी खेल | Aakhiri Khel

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Book Image : आखिरी खेल  - Aakhiri Khel
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

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| शत शा श्र लक त18 हे[स्क्िद उच्ी दर्द डर रहा हैं पं चर न बडा, बाद द[क्वीद खड़ा रहता हैं पेतर 2 पर ्1 वह मी ठीक्ष हो है । [खानोशी ]चादर साने जा रहा हूं ।[दरवासये को तरफ़ बढ़ता है 1] हेम : ठहरो ! क्लोव रुक जाता है 1]दिन भर में एक बिस्कुट मिला करेगा ।[िमोशी 3ननहीं डेढ़ 1 [खामोश ह तुम भाग बयों नही जाते कहीं ? क्लोव : तुम मुझे निकाल क्यों नहीं देते ? हैम : तुम्हें निकाल दूं तो रखूँ किसे ? बलोव : भागकर जाऊें कहाँ ?




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