जनतंत्रवाद रामायण और महाभारत कालीन | Jananatantravad Ramayan Aur Mahabharat Kalin
श्रेणी : राजनीति / Politics

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
13 MB
कुल पष्ठ :
338
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)विषय सूचीअध्याय १राजा की उत्पत्तिविषय |राजा कौ दैवी उत्पत्तिराजा का महत्व एवं उसकी भ्रावर्यकताराजा की देवी उत्पत्ति कै भारतीय तथा
पार्चात्य सिद्धान्ती की तुलना |समाज भ्रनुबन्धवादअध्याय २
राजा की उत्पत्ति के सिद्धांतवीर वंश में जन्म ৪৮৮ লী
जन्माधिकार টন ४६
ज्येष्ठता का अधिकारशारीरिक क्षमता,का प्रधिकार |नारी का राजपद का ्रधिकार १९ *०*
সাহুহা श्राचरण का अधिकार *००राजा की नियुक्ति की प्रजा द्वारा स्वीकृति ५१०
राज्याभिषेक का अधिकार ৮০,
राजकीय हपथ का अधिकार .पृष्ठ१६१७३३
३४
२३६
४२
४५
४६
५३
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