सांप और हम | Saanp Aur Ham

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Saanp Aur Ham by हनुमान सिंह पंवार - Hanuman Singh Panwar

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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

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सांपों को मारने का एक अन्य कारण भी है- उनकी खाल। सांपों की खालों को चमड़े की तरह संसाधित करके तरह-तरह की वस्तुएं जैसे बटएं हैण्डबैग बैल्ट और जते बनाये जाते हैं। आजकल सांप की खाल के निर्यात की अनुमति नहीं है तो भी इसका गैरकाननी व्यवसाय जारी है। यदि आप कहीं किसी व्यक्ति को सांप की खाल से बनी वस्त खरीदते देखें तो उसे ऐसा न करने के लिए आग्रह करें। ऐसा करके आप न केवल किसी नाग दोमहा धामिन या पनिहा सांप की जान ही बचाते हैं अपित देश सेवा भी करते हैं। यदि सांप की खाल का उपयोग करना ही है तो यह वैज्ञानिक तरीके से करना चाहिए उनकी संख्या का समुचित अध्ययन करने के बाद। इसे आजकल वन्य जीव साधन प्रबन्ध कहा जाता है। जिस प्रकार किसान अपनी फसल का प्रबंध करता है जीव जन्तओं को भी सुरक्षित स्थान पर या बाड़ों में पाला जाना चाहिए और उनकी चनी हुई सर्प चर्म का बाजार-अब सापों को उनकी खाल के लिए मारना अवैध है




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