श्री भगवती सूत्रम्-15 | Shri Bhagavati Sutram -15

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Shri Bhagavati Sutram -15 by कन्हैयालाल - Kanhaiyalal

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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

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१३१४,श्_... देवगति से आकर पश्चेख्चियतियेग्योनिको में/ “ ड्योतिष्क देवों में उत्पन्न होनेवाले४ उन्‍्नीसवां उद्देशा चौइम्द्रिय जीदों के उत्पात आदि का निरूएण २१०७-२१ १ वीसवां उद्देशा कर पश्वेल्धिय तियेग्योनिक जीजों के उश्पत्ति ; आदि का निरूषण २१२-२२९ पश्चेन्द्रियतियेग्योनिकों में उत्पन्न होनेवाले रलप्रभो... | एथिवी के नारकों का उत्पाद आदि का निरूपण '२३०-२४४ तियग्योनिकों में से आकर पश्चेल्द्रियतियेग्यो निषों में 'उत्पन्न होनेवाले जीवों के उत्पाद आदि का निरूषण. २४४-२७९.. संक्षि प्ल्लेन्द्रिय वियग्योनिकों से पश्चेन्द्रितियग्योनिकों के उत्पत्ति का निरूपण '._ २७९-२९७मनुष्यों से आकर पश्चेल्धियतियचों मेउत्पत्ति का निख्ण._ ९९७-३२१ बे िष (... उत्पत्ति का निख्षण. ३१२-३५६ इक्फ्रीसवां उद्देशा ह मनुष्यों के उत्पत्ति का निरूपण ं :. ३४७-ई८०डक आनतादि देवों से आकर मन्नुष्यगति मेंउत्पत्ति आदि का निरूपण... ३८०-४१२ बाईसबां उद्देशा.._ 'वानथ्यन्तरों की उत्पत्ति आदि का कथन ४१३-४२७तेईसबां उद्देशाका डरजीवों का निरूपण. ४२८-४५७ चोवीसवां उद्देशा * डी. सौधमंदेवों की उत्पत्ति का निरूपण ४५८-५८५सनत्कुमार देवों की उत्पत्ति का निरूपण ».. ४८५-५१९




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