निजराणो | Nizarano

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
1 MB
कुल पष्ठ :
142
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)घर शा पते साई है
सपतो हा
शाखद मिसरी शाई
सादा हाकगोरी से मिशरेथ इण्रे
धार मगछ विमरश रचा
हुमना है गौर को देवदे उचदा
धारे गाणशे भराफ,
४ मृगग मनाया
इुछ में मुगम मां,
कप की सुघमभिदों दच हाँ.दग मा सुधन रघाडघारे गियो पे ई
मुरसी हे घुधरा यांप स्
मुंगट +े मोती टॉश मु,
प्राछा मे विर्मभयां पोष मु,
जर्द-हट सारे पय शा गिगाघ
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मेशसो ई गर्जा में यग्नी कर मु
सदा रद बनकर तर म्,
घारी ढेट मार५
जर्प-जे पार द्वापा रा निर्माण है
उर्-उठे बेसर घन्रण लगाये सू
भू मथरा गियी
सो पारी प्रीस से
गादी सापण यणा राख मु ।जुपमन रा मौत काँर्द्वा रे--
पर-धर सूं भाजी भाई गोपियांनिमराधो 25
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