शिशु हित शिक्षा भाग 1 | 1119 Shishu Hit Shiksha Bhag 1

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
6 MB
कुल पष्ठ :
238
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)श्प
१६
२०
( २१ )
अठारमें वोले दृष्टि ३ तौन---
सम्यकदृष्टि १ सित्थ्या दृष्टि २ समसित्थ्या दृष्टि ३
उगणोससें वोले ध्यान ४ च्यार--
आतेध्यान १ रौद्रध्यान २ धमध्यान ३ शाक्क
ध्यान ४
बौसमें वोले षटद्रव्य को जाण पणो
धर्मास्तिकायने पांचां वोला ओलखोजे--
द्रव्ययकी एक ट्रव्य, खेब्र थो लोक प्रमाण,
कालथको आदि अन्त रहित. भाव थो भरुपो
ग़ुणयको जोव पुद्कल ने हालवा, चालवा को
सहाय, अधर्मास्तिकाय नें पांचा बोलां ओल-
खोजे--द्रव्य थो एक द्रव्य, खेब्र थो लोक प्रमाणे
कालथको आदि अन्त रहित भाव थो अरूपो गुण
थो थिर रहवा नों सहाय, आकाशास्तिकाय नें
प्रांच बोल करो ओलखोजे--ट्रव्य थो एक द्रव्य,
खेत थो लोक अलोक प्रमाण, काल थो आदि
अन्त रहित, भाव थी अरूपो, गुण थो भाजन गुण,
काल नें पांचां वोलां भोलखोजे--ट्रव्य थे। अनन्त
द्रव्य, चेबर थो अढ़ाई दौप प्रमाणे, काल थी
आदि भअन्त रहित, भाव थी अरुपो, गुण थी वत्त-
मान गण पुह्लस्तिकाय ने पांच वोल थो ओल-
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