बीभत्स रस और हिंदी साहित्य | Bibhatsa Ras Aur Hindi Sahitya

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Bibhatsa Ras Aur Hindi Sahitya by कृष्णदेव झारी - Krishndev Jhari

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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

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( १५ खतुर्थ अयाय . हिन्दी उपन्यास साहित्य में बीभस रस प्रेमचन्द से पूर्व, प्रंमचन्द के उपन्यासों में बीभत्स रस, प्रसाद का कंकाल, उग्र जी के उपस्थासों में बीभत्स रस, अन्य थधाधवादी रचनाएं, प० इलाचन्द्र जोशी के उपस्यथासों में बीभत्स रस, इन्दावन लाल वर्मा, जैनन्द्र के उपस्यासों में वी भत्स रस, अ्रगतिवादी नागार्जुन, यशपाल आदि के उपस्पासो में बी सत्स रस । जीवन की. अनेकानेक समस्थाएँ, सामाजिक शरण का विस्तृत प्रकाशन । पंच अध्याय : हिन्दी कहानी-साहित्य सें बोभत्स रस प्रमचस्द की कहानियों से बीभत्स रस, प्रसाद, शिव- पुजनसहाय, विष्णु प्रभाकर, यशपाल आदि अन्य लेखक । हिन्दी कथा-साहित्य (उपन्यास-कहानी ) में बीभत्स रस का अनन्त प्रसार । बष्ठ अध्याय : हिन्दी नाटक-साहित्य मे बी भत्स रस भारतेन्दु काल, प्रसाद के लाटकों में बीभत्स रख, हरि- कृष्ण प्रेमी, सेठ गोधिन्द दाम, उपेस्द्रनाथ अश्क, उदयशकर भट्ट, लक्ष्मीनारायण मिश्न आदि के कुछ प्रमुख नाटकों में बीभत्स रस । सप्तम अध्याय : हिन्दी एकांकी में बीभत्स रस भारतेन्दु॒ युग के एकांकी भौर प्रहुसन, हरिकृष्ण प्रेमी; उपेन्द्रनाथ अश्क, सेठ गोविन्ददास, लक्ष्मीनारायण मिश्न, डा? रामकुमार वर्मा, उदयशंकर भट्ट, विष्णु प्रसाकर, जगदीशचन्द्र माथुर, विनोद रस्तोगी, भगवती चरण वर्मा आदि एकाकी कारों के कुछ प्रमुख एकाकियों में बीभत्स रस, हिंदी एकांकी में नाक से भी अधिक बीभत्स रसख-सामग्री, हित्दी एकाकी में सामाजिक चेतना, जीवन की अनेक समस्याओं का प्रकाशन, विविध आलम्बन 1 सदभे-ग्रंथ-सुची र१३ देख द३७-दं०९ 'द०इन४२७ इइपनईछ० '४9१३-४४६




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