अदिति | Aditi
श्रेणी : साहित्य / Literature

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Add Infomation AboutAchary Abhaydev Vidyalakar
लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
8 MB
कुल पष्ठ :
360
श्रेणी :
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लेखक के बारे में अधिक जानकारी :
No Information available about आचार्य अभयदेव विद्यालकार - Achary Abhaydev Vidyalakar
पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)श्रीच्रविन्द-वाणी-विचार और भांकियांकुय लोग इसे श्रष्टता समकते है कि किसी निणेष इंश्वरोय
विधान मे विश्वास किया जाय या झपने श्राप को भगवान्
के हाथों में एक उपकरण समक्ा जाय । पर में देखता है कि अ्रत्पेक
मनुष्य को ईश्वर-विहित रिगेप रचण प्राप्त है श्र साथ ही यह
भी देखता ह कि भगवानू मजदूर के कुदाल को चलाता है शऔर
चहदी एक नन्हें बालक के मुंह में हुतलाता है ।ईश्वर-विहित रक्षण वही नहीं है जो कि टूटी हुई नैया से जिसमें कि और सम हब जाते है मुझे यचा लेता है, बद्द भी ईश्वरीय रक्षणहै जो मेरी सुरक्षा के अन्तिम तरते को मुक्त से छीन लेता है और सुझे
जनशझुन्य मददासागर में झयो देता हे जम कि और सय बच जाते हैं ।सघप और कष्टसहन के प्रति आाकप्प॑ण की झपेला कभी च्भीविजय का झ्रानन्द कम होता है । तो भी दिजय के लिये श्रग्रसर हुई
मानयीय आत्मा का लच्य विजयमाल होनी चाहिये न कि सली ।वे थात्मायें जो ऊचे उठने की कोई विशेष अभीप्सा नहीं करतीपरमेश्वर की असफल कृति है । पर प्रकृति उन से प्रसन्न होती है
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