एड्स प्राण घातक रोग | Aids Pran Ghatak Rog
श्रेणी : साहित्य / Literature, स्वास्थ्य / Health

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
2.92 MB
कुल पष्ठ :
104
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)एड्स को अवस्थाएंएड्स रोग की तीन अवस्थाएं देखी जा सकती हैं । इसके आधार
पर रोगियों को तीन वर्गा में विभाजित कर सकते हैं । कुछ ऐसे रोगी
ह जो ऊपर से देखने पर पूरी तरह निरोग दिखाई देते हैं। लेकिन रक्त
द्वारा या यौन संबधों द्वारा दूसरे को रोगी बना सकते हैं । इन रोगियों
मे रोग के लक्षण कब तक स्पष्ट होंगे, अभी इस संबंध में कुछ नही
कहा जा सकता । समाज में ऐसे रोगियों में एक-दो वर्षों में रोग उग्र रूप
धारण कर लेता है।बहुत से रोगियों के लिंग अग्िम भाग में सफेद दाने निकल आते
है। कुछ समय बाद उनमें से गन्दा पानी निकलने लगता है पूरे लिंग में
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