चित्रमय बाल कोश | Chitramaya Baal Kosh

[adinserter block="2"]
Add Infomation AboutDr. Bholanath Tiwari
लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
130.74 MB
कुल पष्ठ :
434
श्रेणी :
हमें इस पुस्तक की श्रेणी ज्ञात नहीं है |आप कमेन्ट में श्रेणी सुझा सकते हैं |
यदि इस पुस्तक की जानकारी में कोई त्रुटि है या फिर आपको इस पुस्तक से सम्बंधित कोई भी सुझाव अथवा शिकायत है तो उसे यहाँ दर्ज कर सकते हैं
लेखक के बारे में अधिक जानकारी :
No Information available about डॉ भोलानाथ तिवारी - Dr. Bholanath Tiwari
पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)अड़ियलही जाएगा।
अड़्यिल - वि८ 1. (चलते-चलते) अड़ जाने-वाला, रुक जानेवाला, जिसे अड़ जाने की आदतहो। प्र यह घोड़ा तो अड़ियल है, चाबुक की मार
भी उसे चला नहीं पाती। 2. हठी, ज़िदूदी।अड्डा -पु० 1. मिलने या इकट्ठा होने की जगह;
जैसे -जुआरियों का अड्डा। 2. ताँगों, स्कूटरों,
बसों, हवाई जहाज़ों आदि के रुकने और रवाना होने
की जगह; जैसे -बस अड्डा, हवाई अड्डा ।अणु -पु० इतना छोटा कण (टुकड़ा) कि उसके दो
टुकड़े नहीं किए जा सकें। प्र० गुरुजी के ज्ञान की
तुलना में मेरा ज्ञान अणु के बराबर भी नहीं है।अणुशक्ति - अणु के विस्फोट से उत्पनन शक्ति जो
युद्ध और शांति दोनों ही प्रकार के कामों में प्रयोग
की जा सकती है।अत: - अ० इसलिए, इस वजह से, इस कारण।
प्र; वह बहुत पढ़ता है अतः सभी शिक्षक उससे
प्रसन्न हैं।अतएव - अ०« इसीलिए, इसलिए, इसी वास्ते, इस
वास्ते, इसी वजह से। प्र० तुमने प्रथम स्थान प्राप्त
किया है, अतएव तुम्हें पुरस्कार मिलना ही चाहिए।अत्यधिकअति - 1. वि० ज़्यादा, बहुत; जैसे-अति सुंदर,
अति कुरूप। 2. स्त्री: ज़्यादती, अधिकता।
प्र. अति कभी नहीं करनी चाहिए, रावण अति करने
के कारण ही मारा गया।अतिथि - पु० पाहुना, मेहमान। प्र० कल घर पर
अचानक इतने अतिथि आ गए कि उनके स्वागत में
बड़ी परेशानी हुई।अतिधिसत्कार - पु० अतिथि का स्वागत,
मेहमानदारी । प्र- अतिथिसत्कार हमारा कर्तव्य है।अतिरिक्त - 1. अ० अलावा, सिवा, छोड़कर।
प्र» तुम्हारे अतिरिक्त वहाँ सभी आए थे। 2. वि०
ज़रूरत से ज़्यादा, आवश्यकता से अधिक।
प्र अतिरिक्त सामान लौटा दूँगा।अतीत - पु० भूतकाल, बीता हुआ समय, गुज़रा
हुआ ज़माना। प्र० अतीत की बातें अब भला कहां
याद हैं!अत्यंत (अति + अंत) - वि० हद से ज़्यादा, बहुत
अधिक; जैसे - अत्यंत सुंदर, अत्यंत सीधा, अत्यंत
मिलनसार ।अत्यधिक (अति + अधिक) -- वि० बहुत उयादा;
जैसे - अत्यधिक धनी, अत्यधिक ईमानदार |न्ता सर ।
2
८ ४ हीग
मय कर ट
दी : 2 2 रै 2 (_भ |
हि ही तर
User Reviews
No Reviews | Add Yours...