महामानव | Mahamanav

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
45 MB
कुल पष्ठ :
168
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
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भारत का रुदन बिचारा
खड़ा द्वार पर पंगड़ी हें
ले तप नह कीश्री का आँसू खींच हेगया कुश का अपने द्वार
तुम्हें खींच छे चला रक्तवह कमक्षेत्र के द्वारসিश्री के दुस्य नयनं गँ विमित
गवाक्ष थे सनेजिनकी शोभा खींच कालिमा
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