ज्ञान दीपिका | Gyan Deepika
श्रेणी : दार्शनिक / Philosophical, धार्मिक / Religious

[adinserter block="2"]
लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
5.49 MB
कुल पष्ठ :
209
श्रेणी :
यदि इस पुस्तक की जानकारी में कोई त्रुटि है या फिर आपको इस पुस्तक से सम्बंधित कोई भी सुझाव अथवा शिकायत है तो उसे यहाँ दर्ज कर सकते हैं
लेखक के बारे में अधिक जानकारी :
पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)रथ पद दि सता रेण्धु ८ व दगुणात्रतुओो विन सतत लव कर्स वध का सतरू सो लिसक। स्यागना झसा माय यरत गहरी की पाया से चचाने को चह्ठ अप्रच्छा मावंहे + . - + + + १८७ ४ नवमरणिक्ाबत्त तिसंमे इच्य लेवे कास भाव ब्यात्री समायक का खरूप शोर गद्ध स्पी के घर्स कार्य के दिये प्रवर्सन रूप श्र मात से सप्यात्तक श्र संध्या से घ्रमात की १४ चीदद प्रकार की छिका का स्वरूप व ते गच्छा खलासा हे. से र ६ न्रथम रतलाम समायक की विधि शरीर समायक के सात पाठ वड़त सद्ध है सर र८ स्प्ररारह पापी का नामश्र्थ सहित श्र ०३६ गे हूसरी गिलास माता पिता की मक्तिश्रीर
User Reviews
No Reviews | Add Yours...