समग्र जैन चातुर्मास सूची | Sangram Jain Chaturmas Suchi
श्रेणी : धार्मिक / Religious

[adinserter block="2"]
लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
19 MB
कुल पष्ठ :
482
श्रेणी :
यदि इस पुस्तक की जानकारी में कोई त्रुटि है या फिर आपको इस पुस्तक से सम्बंधित कोई भी सुझाव अथवा शिकायत है तो उसे यहाँ दर्ज कर सकते हैं
लेखक के बारे में अधिक जानकारी :
पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)म क च ~~
रन न~ ५ ~ ~ ~
~ ~ ~ -~--------- ~ ~ ८
००अ. भा. श्वेताम्बर वधमान स्थानकवासी श्रमण संघ समुदाय के
युवाचायं डँ. शिवमुनिजी म.सा. (4.५.हघ 2)बचपन नाम : श्री गिवकुमार युवाचायं पद॒: श्रमण संघ के दवितीय पटधर आचाय सम्राट
पिताजी . श्री चिरजीलालजी जेन (ओसवाल जैन) श्री आनन्दऋषिजी म सा. द्वारा प्रदान
माताजी . धमंशीला सौ विधादेवी 13-5-1987 पूना साधू-सम्मेलन, पूना मे ।
वंश गौव : जोसवाल जैन विहार क्षेत्र : पजाव, दिल्ली, उत्तरप्रदेश, हरियाणा,
जन्म त्तिथि ~ 18 सितम्बर, 1942 राजस्थान, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, आध्र-
जन्म स्थान... मालोट मंडी जिला फरीदकोट (पंजाब ) प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडू आदि प्रात ।
दा १ क 1 र 1 सुशिष्य : श्री जितेनदरमुनिजी म. सा, श्री शेलेष-
दीक्षा संख्या : जन्म स्थान में तीन समी वहिनो के साथ । मुनिजी म. सा, श्री शिरिषमुनिजी म सा.।
दीक्षागुरुं - श्रमण मघ के प्रयमाचाय श्री आात्मारामजी विशेष : श्रमण सघ के यवाचार्य, सम्पूण जन समाज
म. सा. के सुशिप्य वहुश्नुत श्रमण संघीय में एक मात्र ऐसे युवाचा्य है जो डॉ.
सलाहकार श्री ज्ञानमुनिजी मं. सा एम ए.पी एचडी उपाधि प्राप्त किये हुए
अध्ययन : जैन आगम, सस्कृत, प्राकृत, हिन्दी, अग्रेजी, है। प्रभावशाली युवाचाये, प्रवर वक्ता,पजावी, अन्य भाषाओ के ज्ञाता । योगसाघधक आदि |युवाचार्य डॉ, शिवमनिजी म.सा., अपने सुशिप्यों के साथ श्री जितेन्द्रमुनिजी म.सा., श्री सनेणमुनिजी म.सा.,
एवं श्री शिरिशमूतनिजी स. सा. चित्र में खड़े दिखाई दे रहे
User Reviews
No Reviews | Add Yours...