श्री जैन श्वेताम्बर तपागच्छ संघ पंजी की वार्षिक स्मारिका माणिभद्र | Shri Jain Shwetambar Tapagacch Sangh Panji Ki Varshik Smarika Manibdra

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Shri Jain Shwetambar Tapagacch Sangh Panji Ki Varshik Smarika Manibdra by मोतीलाल भड़कतिया - Motilal Bhadaktiya

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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश

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बच्खेड़ा तीर्थ का चतुर्विध पैदल यात्री संघ दि. 20-22 मार्च, 98 की दुश्यावली[1 की! |कि 22 (< ८55“आ. श्री पद्मसागर सूरीश्वर जी म.सा मांगलिक देकर पैदल संघको विदा करते हुएआ. श्री पद्मसागरसूरीश्वर जी म.सा.संघपति श्री हीराभाई चौधरी एवं धर्मपत्नी श्रीमती जीवण बाई चौधरी को आशीर्वाद प्रदान करते हुए। पेदल यात्री संघ केः वरखेडा ग्राम में प्रवेश का১ ^ 4 + % ५८ ১ শত শু চে विहंगम| 17115 88. 17৭ রি ४:61, विहंगम दृश्य। | ৫ .ट ह च - ০ (क: >( ১ আসি অপু... ৩~; # 1 ৬ कु ब টুঃ हे 1 $ ॥ १ ् क (| 1 ही 1 3১২ ५६ # | 1 { রী ५




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