कौटिल्य चाणक्य की राज्य व्यवस्था का परवर्ती युग पर प्रभाव तथा वर्तमान में उपयोगिता | Kautilya Chanakya Ki Rajya Vyavastha Ka Parvarti Yug Par Prabhav Tatha Vartman me Upyogita
श्रेणी : समकालीन / Contemporary

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लेखक :
Book Language
हिंदी | Hindi
पुस्तक का साइज :
59.01 MB
कुल पष्ठ :
409
श्रेणी :
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पुस्तक का मशीन अनुवादित एक अंश
(Click to expand)अश्व-पालन
अस्व की उपयोगिताअश्वाध्यक्षअश्वों को भोजन-छादन एवं चिकित्सादि की व्यवस्था
(कि) अश्वशाला(खि) भोजन(गि) स्थान एवं व्याधिशान्ति के साधन(घि अस्वों की चिकित्साउत्तर गध्य ओर साधारण घोड़ों के लक्षण
अश्वों की देनिक गतियुद्ध की दृष्टि से उत्तम सध्य अश्वअश्व पालनरकर्ताहस्ति पालनहाथियों की उपयोगिताहस्त्याध्यक्ष का कर्तव्यअन्य कर्मचारीकर्सचारियों को दण्ड विधानहाथियों के प्रकारउत्तय मध्यय और कनिष्ठ हाथी
हस्तिशालाहाथी की दिनचर्चाहाथियों को पकड़नाहाथियों का दांत काटने का समयउत्सवसुरा उद्योगसुरा उद्योग पर राज्य नियंत्रण की आवश्यकता188
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